देवरिया। भारत के मुख्य न्यायाधीश Justice Surya Kant की एक टिप्पणी के बाद सोशल मीडिया पर शुरू हुआ “कॉकरोच जनता पार्टी” (Cockroach Janta Party) अब बड़ा वायरल ट्रेंड बन चुका है। 15 मई को युवाओं और फर्जी डिग्रीधारकों पर की गई टिप्पणी के बाद इंटरनेट पर शुरू हुआ यह व्यंग्यात्मक आंदोलन अब लाखों युवाओं का ध्यान खींच रहा है। कॉकरोच जनता पार्टी यानी CJP ने इंस्टाग्राम पर फॉलोअर्स के मामले में देश की बड़ी राजनीतिक पार्टियों को भी पीछे छोड़ दिया है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, पार्टी के इंस्टाग्राम पेज पर करीब 1.35 करोड़ फॉलोअर्स हो चुके हैं, जबकि BJP और Congress इससे पीछे हैं।

क्या है कॉकरोच जनता पार्टी?

कॉकरोच जनता पार्टी (Cockroach Janta Party) खुद को एक व्यंग्यात्मक (satirical) राजनीतिक आंदोलन बताती है। इसका नाम सीजेआई की उस टिप्पणी से जुड़ा है, जिसमें बेरोजगार और सोशल मीडिया पर सक्रिय युवाओं की तुलना कॉकरोच और परजीवी से की गई थी। हालांकि बाद में सफाई देते हुए कहा गया कि टिप्पणी फर्जी डिग्री वालों के लिए थी। सोशल मीडिया पर युवाओं ने इस शब्द को विरोध और पहचान के रूप में इस्तेमाल करना शुरू कर दिया। इसके बाद 16 मई 2026 को यह डिजिटल आंदोलन लॉन्च किया गया।

क्या है CJP का मकसद?

कॉकरोच जनता पार्टी का कहना है कि भारतीय राजनीति असली मुद्दों से भटक गई है। पार्टी रोजगार, शिक्षा, एआई, उद्योग और स्वच्छ ऊर्जा जैसे मुद्दों पर चर्चा चाहती है। इसके अलावा यह आंदोलन न्यायपालिका, चुनाव आयोग और मीडिया जैसी संस्थाओं की स्वतंत्रता की भी मांग कर रहा है। पार्टी ने महिलाओं को 50% आरक्षण, दलबदल पर सख्त कानून और चुनावी पारदर्शिता जैसे मुद्दे भी उठाए हैं।

कौन हैं अभिजीत दिपके?

कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक Abhijeet Dipke हैं। वह पुणे से पत्रकारिता की पढ़ाई कर चुके हैं और बॉस्टन यूनिवर्सिटी से पब्लिक रिलेशंस में मास्टर डिग्री हासिल कर चुके हैं।अभिजीत खुद को फिलहाल बेरोजगार बताते हैं, लेकिन वह राजनीतिक संचार रणनीतिकार के तौर पर काम कर चुके हैं। उन्होंने 2020 से 2023 तक Aam Aadmi Party के साथ डिजिटल कैंपेन और सोशल मीडिया रणनीति पर काम किया था।

चुनाव लड़ने की तैयारी?

अभिजीत दिपके के मुताबिक, फिलहाल यह केवल एक जन-आंदोलन है। 2029 चुनाव लड़ने को लेकर अभी कोई फैसला नहीं लिया गया है। उनका कहना है कि फिलहाल युवाओं की समस्याओं को सुनना और उन्हें मंच देना ही प्राथमिकता है।