देवरिया। उत्तर प्रदेश सरकार ने अग्निवीर योजना को लेकर बड़ा ऐलान किया है। जहां एक तरफ विपक्ष लगातार अग्निवीर योजना का विरोध करते आ रहा है और इसे बंद करने की मांग कर रहा है वहीं देश के कई राज्य ऐसे हैं जिन्होंने अग्निवीर योजना से सेवारत जवानों को राज्य भर्ती में आरक्षण देने की बात कही है। उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने भी करगिल दिवस के अवसर में प्रदेश की सरकारी भर्तियों में अग्निवीर में सेवा देने वालों को प्राथमिकता देन की घोषणा की है।


भर्तियों में तय होगा निश्चित आरक्षण
इस मामले को लेकर योगी आदित्यनाथ ने कहा कि- “अग्निवीर अपनी सेवा से जब वापस आएंगे, तो उन्हें यूपी सरकार पुलिस सेवा में, पीएसी में प्राथमिकता के आधार पर समायोजित किया जाएगा। उनके लिए यूपी पुलिस में एक निश्चित आरक्षण की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।” विपक्ष के द्वारा अग्निवीर योजना का विरोध किए जाने पर सीएम ने कहा- “अग्निवीर योजना अच्छी स्कीम है, लेकिन विपक्ष लोगों को गुमराह कर रहा है। उन्होंने कहा कि किसी भी देश और समाज के लिए प्रगति और नए प्रतिमान स्थापित करने के लिए समय-समय पर किए जाने वाले सुधार जरूरी हैं।”


राष्ट्रीय सुरक्षा सर्वोच्च: सीएम योगी
सीएम ने कहा कि- “यूपी और तमिलनाडु में रक्षा मैन्युफैक्चरिंग कॉरिडोर विकसित किए जा रहे हैं। हमें राष्ट्रीय सुरक्षा को समान महत्व देने की जरूरत है। विपक्ष पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा- “सुधार, प्रगति और समृद्धि से जुड़ी हर चीज में बाधा डालना उनका काम है। विपक्ष ने लोगों को गुमराह करने की कोशिश की है। हमें राष्ट्रीय सुरक्षा को सर्वोच्च मानते हुए सशस्त्र बल सुधार पर आगे बढ़ना चाहिए।”

इन राज्यों ने भी की घोषणा

आपको बता दें कि उत्तर प्रदेश के साथ ही करगिल विजय दिवस पर छत्तीसगढ़, मध्यप्रदेश, ओडिशा और गुजरात ने भी आरक्षण का ऐलान किया है। वहीं हरियाणा और उत्तराखंड ने पहले ही आरक्षण की घोषणा कर दी है। इस तरह से अब देश के कुल 7 राज्य ऐसे हो चुके हैं जिन्होंने अग्निवीर योजना में सेवा दे चुके युवाओं को अपने राज्य की भर्तियों में आरक्षण का ऐलान कर चुके हैं।