देवरिया। विवादित आईएएस पूजा खेडकर अब आईएएस अधिकारी नहीं रही। लंबे समय से चल रहे विवाद के बाद यूपीएससी ने पूजा खेडकर की सिविल सेवा परीक्षा-2022 के लिए अनंतिम उम्मीदवारी रद्द कर दी है। इतना ही नहीं पूजा खेडकर अब UPSC की होने वाली आगामी किसी भी परीक्षा में भी शामिल नहीं हो सकती। UPSC ने सभी भावी परीक्षाओं/चयनों से भी स्थाई रूप से प्रतिबंध लगा दिया है।


जांच में दोषी पाई गई पूजा खेडकर
लंबे समय से पूजा खेडकर और उनसे जुड़े लोगों समेत उनके परिवार के सदस्यों की भी जांच चल रही थी। जिसमें यूपीएससी ने खेडकर को CSE-2022 नियमों का उल्लंघन करने का दोषी पाया है। जांच में पूजा मनोरमा दिलीप खेडकर को अपनी पहचान को गलत तरीके से पेश करके परीक्षा नियमों का उल्लंघन करते हुए निर्धारित अटैंप्ट से ज्यादा बार परीक्षा दिए जाने के लिए कारण बताओ नोटिस जारी किया गया था। पूजा को इस नोटिस का जवाब 25 जुलाई तक एस.सी.एन. में देना था। जवाब देने के लिए पूजा खेडकर ने 4 अगस्त तक का समय मांगा था जिसपर यूपीएससी ने पूजा को 30 जुलाई तक का अंतिम समय दिया गया था जिसमें वो अपने डॉक्यूमेंट्स जमा करने में असफल रही।


15 साल के आंकडों की हुई जांच
पूजा मनोरमा दिलीप खेडकर के मामले की पृष्ठभूमि में यूपीएससी ने साल 2009 से 2023 तक यानी 15 सालों में हुई यूपीएससी की परीक्षा में बैठे 15,000 से ज्यादा अंतिम रूप से अनुशंसित उम्मीदवारों की जांच की। जांच में उनके द्वारा किए गए प्रयासों की संख्या की गहन जांच की हुई। जांच में पूजा ही ऐसी उम्मीदवार निकलीं जिनके द्वारा दिए गए अटैम्प्ट की जानकारी नहीं मिल रही थी, क्योंकी उसने हर बार अपना नाम, सरनेम, माता-पिता का नाम, ई-मेल एड्रेस सबकुछ बदलकर लिखा था। यही वजह थी कि पूजा के अतिरिक्त अटैम्प्ट को यूपीएससी नहीं पकड़ पाई थी।


ओबीसी और विकलांगता का भी फर्जी सर्टिफिकेट
पूजा ने ना सिर्फ अपने नाम में बदलाव किया था बल्की उसने फर्जी ओबीसी सर्टिफिकेट और फर्जी विकलांगता सर्टिफिकेट का भी उपयोग कोटे के लिए किया था। पूजा ने नॉन क्रिमिलेयर का सर्टिफिकेट लगाया था जबकी जांच में उनके परिवार के पास करोड़ों की संपत्ति मिली है। वहीं पूजा ने घूटनों से जुड़ी और मानसिक रोग से जुड़ी विकलांगता का भी सर्टिफिकेट दिया था जो की फर्जी था। जांच के समय जब बार-बार पूजा को मेडिकल जांच के लिए बुलाया गया तब पूजा ने हर बार कोई ना कोई बहाना किया और जांच के लिए नहीं गई।


पूजा की अंतरिम जमानत पर फैसला गुरुवार को
आपको बता दें पिछले दिनों यूपीएससी की शिकायत पर दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने इस मामले की जांच शुरु की थी। दोषी पाए जाने और गिरफ्तारी के डर से पूजा ने कोर्ट का रुख किया है। दिल्ली की कोर्ट में बुधवार को पूजा खेडकर की अंतरिम जमानत पर सुनवाई हुई, जिसके बाद कोर्ट ने अपना फैसला सुरक्षित रख लिया है। अंतरिम जमानत पर फैसला अब 1 अगस्त को आएगा।