देवरिया। उत्तर प्रदेश के बागपद जिले के पुरा महादेव (pura mahadev)गांव के केंद्र के पर्यटन मंत्रालय ने सर्वश्रेष्ठ पर्यटन गांव का पुरस्कार दिया है। यह सम्मान विश्व पर्यटन दिवस पर दिया गया। इस श्रेणी में देशभर के ऐसे गांवों को चुना जाता है जो पर्यटन के क्षेत्र में कुछ खास कर रहे हैं। देश के 36 गांवों को यह सम्मान दिया गया है।
हेरिटेज कैटेगिरी में मिला सम्मान
देश भर के गांवों को अलग-अलग श्रेणियों में सम्मानित किया गया है।(pura mahadev) पुरा महादेव को हेरिटेज श्रेणी में यह सम्मान मिला है। पुरा महादेव गांव ने उत्तर प्रदेश को पर्यटन के क्षेत्र में खास पहचान दिलाई है। यह गांव प्राचीन शिव मंदिर के लिए जाना जाता है। इस मंदिर के दर्शन के लिए लोग दूर-दूर से आते हैं। ग्रामीण पर्यटन विकास योजना के तहत इस गांव को पर्यटन के लिए तैयार किया जा रहा है।
रोजगार के खुले अवसर
पुरा महादेव(pura mahadev) में पर्यटन को बढ़ावा मिलने से स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के अवसर खुल हैं। गांव में होमस्टे ने लोगों को आमदनी का साधन दिया है। यहां आने वाले पर्यटक ग्रामीण परिवेश का आनंद लेते हैं। पर्यटन के बढ़ने स्थानीय उत्पादों की बिक्री भी बढ़ी है। अब ग्रामीण महिलाएं समूह बनाकर स्थानीय प्रोडक्ट को आसानी से बेचकर आमदनी कर रही हैं।
पुरा महादेव मंदिर का महत्व
पुरा महादेव का मंदिर हिंडन नदी के किपनारे पहाड़ी पर बना हुआ है। यह प्राचीन शिव मंदिर का आसपास के गांवों में बहुत मान्यता है। मंदिर में सावन के चौदवें दिन और फागुन में मेला लगता है। कहा जाता है इस शिवमंदिर की स्थापना भगवान परशुराम ने की थी।