देवरिया।लोकसभा में विपक्ष का लाया अविश्वास प्रस्ताव गिर गया। गुरुवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लोकसभा में विपक्ष के द्वारा लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर जवाब दिया। प्रधानमंत्री ने सदन में 2 घंटे 12 मिनट का भाषण दिया। इस दौरान उन्होंने बहुत से नए और पुराने मुद्दों पर विपक्ष पर निशाना साधा। पीएम के भाषण के लगभग डेढ़ घंटे बाद ही विपक्ष ने सदन से वॉक आउट कर दिया। पीएम मणिपुर के मुद्दे पर विपक्ष के जाने के बाद कहना शुरू किया। उनके भाषण के दौरान सदन में कई बार तालियां बजी, ठहाके लगे और कई बार विपक्ष ने उन्हें इंटरप्ट किया। जानते हैं पीएम के भाषण के कुछ महत्वपूर्ण हिस्से।

पीएम ने कहा यह अविश्वास प्रस्ताव विपक्ष का फ्लोर टेस्ट
प्रधानमंत्री ने कहा कि “अविश्वास प्रस्ताव हमारा नहीं विपक्ष का फ्लोर टेस्ट है। 2018 में अविस्वास प्रस्ताव के लिए जब मतदान हुआ तब विपक्ष के पास जितने वोट थे, वो उतना भी वोट जमा नहीं कर पाए। जनता ने भी पूरी ताकत के साथ इनके लिए नो कॉन्फिडेंस घोषित कर दिया था। चुनाव में एनडीए और भाजपा दोनों को ज्यादा वोट मिले थे। एक तरह से विपक्ष का अविश्वास प्रस्ताव हमारे लिए शुभ होता है। मैं देख रहा हूं आपने तय कर लिया है कि हम 2024 में पुराने सारे रिकॉर्ड तोड़कर, भव्य रूप से विजयी होकर आएं।”

“5 साल में भी विपक्ष तैयारी करके नहीं आया”
पीएम ने कहा कि फील्डिंग विपक्ष ने ऑर्गेनाइज की लेकिन चौके-छक्के यहीं से लगे। विपक्ष अविश्वास प्रस्ताव पर नो बॉल पर ही आगे बढ़ते रहे और यहां से हम सेंचुरी पहुंच गए। 5 साल में भी विपक्ष तैयारी करके नहीं आया। मैंने 5 साल पहले भी कहा था कि फिर से अविश्वास प्रस्ताव लाना। जिनका खुद का बही-खाता बिगड़ा पड़ा है वो हमसे हिसाब मांगते फिर रहे हैं।

भारत के लिए यह समय बहुत महत्वपूर्ण है:PM
पीएम ने कहा कि “किसी भी देश के इतिहास में एक समय ऐसा आता है जब वह पुरानी बंदिशों को तोड़कर एक नई ऊर्जा के साथ, नए सपनों के साथ आगे बढ़ने का कदम उठा लेता है। मैं लंबे अनुभव के बाद लोकतंत्र के मंदिर में बोल रहा हूं। यह कालखंड वह कालखंड है जो भारत के सपनों को पूरा करने का अवसर प्रदान कर रहा है। यह बहुत महत्वपूर्ण टाइम पीरियड है। यह कालखंड जो गढ़ेगा उसका प्रभाव देश पर आने वाले एक हजार साल तक रहने वाला है। इस समय हमारा एक ही फोकस होना चाहिए देश का विकास, देश के लोगों के सपने को पूरा करने का संकल्प और संकल्प को पूरा करने के लिए जी जान से जुट जाना। यही समय की मांग है।”

हमने देश के युवाओं को उड़ने के लिए खुला आसमान दिया
प्रधानमंत्री ने सदन में कहा कि “हमारे देश की युवा पीढ़ी के सामर्थ्य को पूरे विश्व ने भी माना है। 2014 में देश की जनता ने पूर्ण बहुमत की सरकार बनाई और 2019 में भी उस ट्रैक रिकॉर्ड को देखकर कि उनके सपनों को पूरा करने का सामर्थ्य किसके पास है, 2019 में एक बार फिर अधिक मजबूती से हमें उनकी सेवा करने का मौका दिया। सदन में बैठे हर एक व्यक्ति की जिम्मेदारी है कि देश के युवाओं को वो जो काम करना चाहता है वो उसे करने दिया जाए। हमने देश के युवाओं को घोटालों से रहित सरकार दी। हमने भारत के युवाओं को खुले आसमान में उड़ने के लिए हौसला दिया, अवसर दिया। हमने दुनिया में भारत की बिगड़ी हुई साख को वापस लाया है। अभी भी कुछ लोग कोशिश कर रहे हैं कि विश्व में भारत की छवि पर दाग लगा रहे।”

WHO और UNISAFE ने की भारत की तारीफ
पीएम ने कहा कि “WHOने कहा जल जीवन मिशन के तहत भारत में 4 लाख लोगों का जीवन बच रही है। ये वो लोग हैं जो गरीब और निचले तबके के लोग हैं। WHOस्वच्छ भारत अभियान का मूल्यांकन करने के बाद कहता है कि इस अभियान से 3 लाख लोगों की जिदंगी बची है। यह वही गरीब लोग हैं, जो झुग्गी झोपड़ी में रहते हैं। यूनिसेफ ने कहा स्वच्छ भारत अभियान के कारण गरीबों के 50 हजार रुपए बच रहे हैं। भारत की इस उपलब्धि से विपक्ष के कुछ लोगों को अविश्वास है। जो सच्चाई दुनिया को दूर से दिख रही है वह इन्हें पास से नहीं दिखती। ”

विपक्ष के काले कपड़े पहनने पर ली चुटकी
पीएम ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा “कहते हैं जब कुछ अच्छा हो, शुभ काम होना हो तो काला टीका लगाना चाहिए। मैं आपका धन्यवाद करता हूं कि अब जब देश का हित होने वाला है तो आपने काले कपड़े पहनकर काले टीके का काम किया और अशुभ को भी शुभ में बदल दिया। मैं आपका धन्यवाद करता हूं । विपक्ष का पसंदीदा नारा है मोदी तेरी कब्र खुदेगी। मैं इनकी गालियों, अपशब्द, अलोकतांत्रिक भाषा का भी टॉनिक बना लेता हूं। विपक्ष को वरदान मिला हुआ है, ये लोग जिसका बुरा चाहते हैं उनका भला ही होता है।”

पूरा देश मणिपुर के साथ: PM
पीएम मोदी ने कहा कि-“मैं मणिपुर के लोगों, माता, भाइयों, बहनों से कहना चाहूंगा कि देश आपके साथ है। यह सदन आपके साथ है। हम सब मिलकर इस चुनौती का समाधान निकालेंगे। मणिपुर विकास की राह पर आगे बढ़ेगा। प्रधानमंत्री ने कहा कि मणिपुर में अदालत का फैसला आया अब उसके पक्ष-विपक्ष में जो परिस्थितियां बनीं उसमें हिंसा का दौर शुरू हुआ। महिलाओं के साथ गंभीर अपराध हुए और यह अपराध अक्षम है और दोषियों को कड़ी से कड़ी सज़ा दिलाने के लिए केंद्र और राज्य सरकार कोशिश कर रही है। जिस तरह से प्रयास चल रहे हैं, करीबी भविष्य में शांति का सूरज जरूर उगेगा। पीएम ने कहा कि दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलवाने के लिए राज्य और केंद्र दोनों सरकारें हर संभव कोशिश कर रही हैं। मैं लोगों को आश्वस्त करना चाहता हूं कि आने वाले समय में मणिपुर में शांति बहाल होगी। मैं मणिपुर की महिलाओं और बेटियों सहित मणिपुर के लोगों से कहना चाहता हूं कि देश आपके साथ है।”

हमारी सरकार ने नार्थ ईस्ट को प्राथमिकता दी है
पीएम मोदी ने कहा कि “इनकी पीड़ा, संवेदना सेलेक्टिव है। इनकी सभी बातें राजनीति से शुरू होती है,राजनीति पर खत्म होती हैं। इन्हें राजनीति के अलावा कुछ नहीं सूझता। मणिपुर में 6 साल से जो सरकार है, वह समस्या का हल ढूंढ रही है। पहले तो आए दिन बंद होता था, कर्फ्यू लगता था। अब सरकार उसका समाधान खोज रही है। नॉर्थ ईस्ट जिस प्रकार से साउथ एशिया का विकास हो रहा है। हमारा नॉर्थ ईस्ट विकसित होने जा रहा है, इस विकास का केंद्र बिंदु बनने जा रहा है। इसलिए हमारी सरकार ने नॉर्थ ईस्ट को प्राथमिकता दी है। नौ सालों में हमने पूर्वोत्तर के लिए अहम काम प्राथमिकता के साथ किया है।”

भारत माता के बारे में जो कहा उससे पूरा देश आहत
पीएम ने सदन में कहा कि- “यहां सदन में मां भारती के बारे में जो कहा गया है, उसने हर भारतीय की भावना को गहरी ठेस पहुंचाई है।क्या भाषा बोल रहे हैं? पता नहीं क्यों कुछ लोगों को भारत मां की मृत्यु की कामना करते देखा गया, इससे बड़ा दुख क्या होगा। ये लोग कभी लोकतंत्र की, कभी संविधान की हत्या की बात करते हैं। दरअसल, जो इनके मन में है, वही उनके कृतित्व में सामने आ जाता है। मैं हैरान हूं। ये बोलने वाले कौन लोग हैं, देश भूल गया है। क्या विभाजन की पीड़ा हम भूल गए? उन चीखों को लेकर आज भी वह हमारे सामने आता है। वह लोग जिन्होंने मां भारती के तीन-तीन टुकड़े कर दिए, वह भी तब जब मां भारत की बेड़ियों को काटना था, तब इन्होंने मां भारती की भुजाएं काट दीं। ये लोग किस मुंह से ऐसा बोलने की हिम्मत करते हैं? ये वो लोग हैं, जिन्होंने वंदे मातरम गीत ने देश के लिए मर-मिटने की प्रेरणा दी थी। हिंदुस्तान के हर कोने में वंदे मातरम चेतना का स्वर बन गया था, इन्होंने वंदे मातरम गीत के भी टुकड़े कर दिए। ये वो लोग हैं, जो भारत तेरे टुकड़े होंगे गैंग को बढ़ावा देते हैं। ये उन लोगों की मदद कर रहे हैं, जो कहते हैं कि सिलीगुड़ी के पास जो कॉरिडोर हैं, उसे काट दें, तो पूर्वोत्तर अलग हो जाएगा।”