देवरिया। 21 जुलाई को संसद के मानसून सत्र की शुरुआत हुई। सत्र का पहला दिन हंगामे से भरा रहा। विपक्ष ने पहलगाम हमले से लेकर कई मुद्दों पर जमकर हंगामा किया। हंगामे के चलते जहां लोकसभा की कार्यवाही को 3 बार स्थगित करनी पड़ी वहीं राज्यसभा में हंगामे के बीच ही बिल ऑफ लैंडिंग विधेयक 2025 पारित हुआ। लोकसभा में पहलगाम आतंकी हमले, अहमदाबाद विमान हादसा और देश के हिस्सों में आई प्राकृतिक आपदा में जान गंवाने वाले लोगों को श्रद्धांंजलि दी गई।
सदन की कार्यवाही शुरु होने से पहले पीएम मोदी ने मीडिया को संबोधित किया। पीएम के संबोधन में विपक्षी दलों से सदन की कार्यवाही सही तरीके से चलाए जाने को लेकर अपील भी थी। उन्होंने ऑपरेशन सिंदूर के बारे में बात करते हुए कहा कि- “सभी दलों का अपना राजनीतिक एजेंडा है, लेकिन उन्हें उम्मीद है कि इस बार के सत्र में विपक्षी दल एक स्वर में देशगान करेंगे।”
“दल हित ना सही, देश हित में मन मिलना जरूरी”
पीएम ने अपने संबोधन में कहा कि- “दल हित में मत भले ही न मिले लेकिन देश हित में मन जरूर मिलना चाहिए। पीएम मोदी ने कहा कि इसी भावना के साथ इस मॉनसून सत्र में देश की विकास यात्रा को बल देने वाले अनेक विधेयक प्रस्तावित हैं। सदन विस्तृत चर्चा करके उसको भी पारित करेगा। सभी माननीय सांसद से उत्तम डिबेट चलाने के लिए मेरी शुभकामनाएं हैं।”
ऑपरेशन सिंदूर पर क्या बोले पीएम?
पीएम मोदी ने ऑपरेशन सिंदूर का विशेष रूप से जिक्र किया और कहा कि- “ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारतीय सेना का सामर्थ्य देखा। ऑपरेशन सिंदूर के तहत, केवल 22 मिनट के अंदर 100 फीसदी लक्ष्य हासिल कर लिया। सेना ने आतंकवादियों के आकाओं के घरों को पूरी तरह से तबाह कर दिया। पीएम मोदी ने कहा कि मेड इन इंडिया सैन्य शक्ति के इस नए रूप की ओर दुनिया बहुत आकर्षित हुई है। इन दिनों जब भी मैं दुनिया के लोगों से मिलता हूं तो भारत द्वारा बनाए जा रहे मेड इन इंडिया हथियारों के प्रति दुनिया का आकर्षण बढ़ता ही जा रहा है।”