देवरिया। संगम नगरी प्रयागराज में आयोजित होने वाले महाकुंभ का इंतजार पूरे देश को है। महाकुंभ किसी भी धार्मिक आयोजनों में सबसे बड़ा आयोजन होता है। इसका आयोजन कुंभ में लाखों लोग संगम किनारे जमा होते हैं। लोगों की आस्था को देखते हुए सरकार भी तैयारियों में लगी हुई है। महाकुंभ का आयोजन 13 जनवरी 2025 से होने जा रहा है। इस बार प्रदेश सरकार पूरे कुंभ को पॉलिथीन फ्री और ग्रीन कुंभ के रूप में आयोजित करेगी। आइए विस्तार से जानते हैं महाकुंभ 2025 को लेकर प्रदेश सरकार क्या-क्या तैयारी कर रही है।

3 लाख पौधे लगाए जा रहे हैं

महाकुंभ 2025 (mahakumbh 2025)पॉलिथीन फ्री और ग्रीन कुंभ होने वाला है। इसके लिए कुंभ क्षेत्र पूरी तरह से पॉलिथीन मुक्त रहेगा। साथ ही प्रदेश सरकार 3 लाख पौधे भी लगा रही है। सरकार इन पौधों को पेड़ का रूप लेते तक संरक्षित भी करेगी। आगे चल कर ये पेड़ कुंभ की पहचान बनेंगे।

अक्टूबर तक परियोजनाओं को पूरा करने का लक्ष्य

महाकुंभ की तैयारियों के लिए एपेक्स कमेटी गठित की गई हैं। इस कमेटी ने अब क करीब 13 बैठकें की है। कमेटी ने 5 हजार 154 करोड़ की 327 परियोजनाओं को मंजूरी दे दी है। साथ ही 1264 करोड़ की 75 विभागीय परियोजनाओं पर अभी भी काम चल रहा है। कमेटी का लक्ष्य है कि महाकुंभ से जुड़ी सभी परियोजनाओं को अक्टूबर 2024 तक पूरा कर लिया जाए।


इस तरह होगा मेले का आयोजन
इस बार मेला 4 हजार हेक्टेयर में फैला होगा। इसमें से ढाई हजार हेक्टेयर में मेला लगेगा और 1900 हेक्टेयर में छह पार्किंग स्थल बनाई जाएगी। पार्किंग में 5 लाख से ज्यादा वाहनों की पार्किंग क्षमता होगी।((mahakumbh 2025)) महाकुंभ में 5 सर्किट हाउस बनाए जाएंगे। साथ ही पांटून ब्रिजेज की संख्या भी बढ़ाई गी है। मेरे में 25 हजार लोगों के लिए पब्लिक अकोमोडेशन, मोटरबोट, चेंजिंग रूम, पूजा स्थल और फ्लोटिंग जेटी बनाई जाएगी।


पक्के विआईपी घाट का हो रहा है निर्माण
मेले में खोया पाया के 10 केंद्र बनाए जाएंगे। यमुना नदी पर बनाए जाने वाले वीआईपी घाट पक्के बन रहे हैं। दशाश्वमेध घाट पर भी पक्का घाट बनाए जा रहे हैं। तेलियरगंज से संगम क्षेत्र तक 13 किलोमीटर का रिवर फ्रंट का भी निर्माण किया जा रहा है। साथ ही महाकुंभ के लिए सड़कों और चौराहों का चौड़ीकरण, फ्लाई ओवर निर्माण कराए जा रहे हैं। प्रयागराज जंक्शन रेलवे स्टेशन और एयरपोर्ट का विस्तार भी किया जा रहा है।