देवरिया। बुधवार को लोकसभा में दूसरे दिन भी अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा जारी रही। पहले दिन राहुल गांधी ने अपना बयान नहीं दिया था जिस पर भाजपा ने आपत्ति भी जताई थी। दूसरे दिन सदन में राहुल गांधी के भाषण से ही सदन की कार्रवाई शुरू हुई। अपने भाषण के दौरान राहुल गांधी ने मुख्य रूप से मणिपुर का मुद्दा और भारत जोड़ो आंदोलन का जिक्र किया। भाषण खत्म करते ही राहुल गांधी अपने दूसरे कार्यक्रम के लिए सदन से चले गए। केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री स्मृति ईरानी ने राहुल गांधी के भाषण का जवाब दिया।


PM के लिए मणिपुर हिन्दुस्तान नहीं है: राहुल गांधी
राहुल गांधी ने अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा से पहले उनकी सदस्यता बहाली करने के धन्यवाद दिया। अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा शुरू करते हुए उन्होंने कहा- “कुछ दिन पहले मैं मणिपुर गया। हमारे प्रधानमंत्री आज तक नहीं गए, क्योंकि उनके लिए मणिपुर हिंदुस्तान नहीं है। मैंने मणिपुर शब्द प्रयोग किया। आज की सच्चाई यह है कि मणिपुर नहीं बचा है। मणिपुर को आपने बांट दिया है, तोड़ दिया है। रिलीफ कैंप में गया, महिलाओं से बात की, बच्चों से बात की। प्रधानमंत्री जी ने आज तक नहीं किया।इन्होंने मणिपुर में हिंदुस्तान की हत्या की है।”

मणिपुर में भारतकी आवाज की हुई हत्या: राहुल
अपने भाषण में आगे राहुल गांधी ने कहा कि- “ भारत एक आवाज है, जनता की आवाज है, दिल की आवाज है। और उस आवाज की हत्या आपने मणिपुर में की, इसका मतलब भारत माता की हत्या आपने मणिपुर में की। आप देशद्रोही हो, आप देशभक्त नहीं हो। इसीलिए आपके प्रधानमंत्री मणिपुर नहीं जा सकते हैं, क्योंकि उन्होंने मणिपुर में हिंदुस्तान, भारत माता की हत्या की है। आप भारत माता के रखवाले नहीं, आप भारत माता के हत्यारे हो।” राहुल के इस बयान पर स्पीकर ओम बिड़ला ने उन्हें टोकते हुए कहा कि भारत माता हमारी मां है, सदन में बोलते वक्त मर्यादा का ध्यान रखें।

“मोदी सिर्फ दो लोगों की सुनते हैं अमित शाह और अडाणी”
राहुल गांधी ने कहा- “मोदी जी अगर मणिपुर की आवाज नहीं सुनते हैं, उसके दिल की आवाज नहीं सुनते हैं, तो वो किसकी आवाज सुनते हैं?रावण सिर्फ दो लोगों की सुनता था मेघनाद और कुंभकर्ण। वैसे ही मोदी जी अमित शाह और अडाणी की सुनते हैं।लंका को हनुमान ने नहीं, रावण के अहंकार ने जलाया। राम ने रावण को नहीं मारा, उसके अहंकार ने मारा था। आप देशभर में केरोसिन छिड़क रहे हो, आपने मणिपुर में केरोसिन छिड़की। आप पूरे देश में केरोसिन छिड़क कर उसे जलाना चाहते हो।”

स्मृति ईरानी ने राहुल गांधी के व्यवहार पर की शिकायत
राहुल गांधी अपना भाषण देने के बाद सदन से चले गए। स्मृति ईरानी ने आरोप लगाया है कि जाते हुए उन्होंने बीजेपी सांसदों को ‘फ्लाइंग किस’ दिया। राहुल गांधी इस बात को लेकर विवादों में फंस गए हैं। स्मृति ईरानी ने संबोधन के दौरान कथित तौर पर अभद्र भाव भंगिमा प्रदर्शित करने को लेकर राहुल गांधी के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की है।

इतिहास में पहली बार भारत माता की हत्या की बात: स्मृति ईरानी
स्मृति ईरानी ने अपने भाषण में कहा कि- “पहली बार राष्ट्र के इतिहास में भारत मां की हत्या की बात की। कांग्रेस पार्टी यहां तालियां बजाती रही। जो भारत की हत्या की बात पर तालियां पीटते हैं, इस बात का संकेत पूरे देश को दिया कि मन में गद्दारी किसके है। मैं आज हिंदुस्तानी होने के नाते कहती हूं, मणिपुर खंडित-विभाजित नहीं है, मेरे देश का अंग है।इन्हीं के अलायंस के सदस्य ने तमिलनाडु में कहा- भारत का मतलब मात्र उत्तर भारत नहीं है। राहुल के अंदर हिम्मत हो तो वो अपने साथी के बयान का खंडन करें।शायद अपने ही कोलाहल में सुन ना पाए हों, मणिपुर ना खंडित था, ना है और ना होगा। देश का अभिन्न अंग है। हमारे राष्ट्र के संसदीय इतिहास में आज तक भारत मां की हत्या की बात करने वाले कभी भी बैठकर मेज नहीं थपथपाते। कांग्रेसियों ने मां की हत्या के लिए आज बैठकर मेज थपथपाई है।”

स्मृति ईरानी ने कहा- “कश्मीर की बेटियों को दहेज के लिए प्रताड़ित किया जाता था तो वहां की बेटियों के पास कानून का सहारा नहीं था, क्योंकि धारा 370 थी। प्रदेश के बाहर ब्याही गईं तो पैतृक सम्पत्ति से हक खत्म हो जाता था। नाबालिग का ब्याह होता था, तो 370 की वजह से कानून का सहारा नहीं मिल पाता था। उन्होंने भारत जोड़ो आंदोलन का जिक्र करते हुए कहा- “राहुल गांधी अपनी यात्रा के दौरान परिजनों के साथ बर्फ में खेलते नजर आए यह तब संभव हो पाया है जब पीएम नरेंद्र मोदी ने वहां से धारा 370 हटाई”।

राहुल गांधी के अडाणी वाले आरोपों पर कसा तंज

राहुल गांधी ने अपने भाषण की शुरुआत मे अडाणी का जिक्र किया था उस बयान पर निशाना साधते हुए स्मृति इरानी ने कहा कि- “ तब से अडाणी-अडाणी कर रहे हैं। अडाणी इतने ही खराब हैं तो जीजाजी उनके साथ क्या कर रहे हैं। पूछना चाहती हूं 1993 में मुंद्रा पोर्ट में कांग्रेस सरकार ने अडाणी को जगह दी। 72 हजार करोड़ का लोन दिया। राजस्थान में 7 हजार करोड़ से ज्यादा का समझौता किया।केरल में कांग्रेस की UDF सरकार के साथ पोर्ट का काम दिया। महाराष्ट्र में कांग्रेस सरकार में पोर्ट का काम दिया। बंगाल में हल्दिया पोर्ट का काम क्यों दिया। छत्तीसगढ़ में कांग्रेस ने काम क्यों दिया? अब इसमें बेटा किसका सेट होगा और दामाद को कितना भेंट होगा, ये हम क्या जानें?