देवरिया। ज्ञानवापी के ASI सर्वे के बाद अब मध्यप्रदेश की भोजशाला का भी ASI सर्वे होगा। सर्वे को लेकर सामाजिक संगठन ‘हिंदू फ्रंट फॉर जस्टिस’ ने याचिका दाखिल की थी। सुनवाई के बाद इंदौर हाईकोर्ट ने कहा है कि ज्ञानवापी के बाद अब मध्य प्रदेश के धार जिले में स्थित भोजशाला का एएसआई सर्वे होगा। सर्वे के लिए हाई कोर्ट ने इसके लिए एएसआई को 5 सदस्यीय कमेटी गठन करने के आदेश दिए हैं। अपनी याचिका में हिंदू फ्रंट फॉर जस्टिस’ ने करीब एक हजार साल पुराने भोजशाला परिसर की वैज्ञानिक जांच अथवा सर्वेक्षण या जीपीआर सर्वेक्षण कराए जाने की मांग की थी।
हिंदी पक्ष ने किया है सरस्वती मंदिर होने का दावा
हिंदू फ्रंट फॉर जस्टिस ने अपनी याचिका में भोजशाला के सरस्वती मंदिर होने का दावा किया है। अपने दावे को पुख्ता करने के लिए उनकी तरफ से हाईकोर्ट के सामने इस परिसर की रंगीन तस्वीरें भी पेश की हैं। आपको बता दें भोजशाला में हर मंगलवार हिंदू अपनी पूजा करते हैं और मुस्लिम हर शुक्रवार इस जगह नमाज अता करते हैं। मुस्लिम समुदाय भोजशाला परिसर को कमाल मौला की मस्जिद बताता है। पूजा और नमाज की यह व्यवस्था 2003 को एएसआई के आदेश के बाद से लागू की गई है।