देवरिया। चेस ओलंपियाड 2024 में भारतीय खिलाड़ियों ने देश का परचम लहरा दिया है। चेस के ओपन वर्ग और महिला वर्ग दोनों में ही भारत को गोल्ड मेडल हासिल हुआ है। चेस ओलंपियाड के इतिहास में ऐसा पहली बार हुआ जब भारत ने दोनों ही वर्गों में गोल्ड मेडल जीत है। चेस ओलंपियाड(chess olympiad 2024) हंगरी की राजधानी बुडापेस्ट में चल रहा था।
97 सालों में पहली बार बन रिकॉर्ड
भारत ने जब से चेस के ओलंपियाड में हिस्सा लेना शुरु किया है तब से लेकर आज तक ऐसा नहीं हुआ कि भार को मेन्स और विमेन्स दोनों ही कैटेगिरी में गोल्ड मेडल मिला हो। साल 2022 और 2014 में आयोजित हुए ओलंपियाड में भारत तीसरे स्थान था तब भारत को ब्रॉन्ज मेडल मिला था।
चेस की भारतीय मेन्स टीम
भारत की पुरुष चेस टीम में डी गुकेश, अर्जुन एरिगैसी, प्रग्गनानंद, विदित गुजराती और श्रीनाथ नारायणन शामिल थे। पुरुष टीम ने स्लोवेनिया के खिलाफ आखिरी राउंड में शानदार प्रदर्शन किया। टीम के स्टार खिलाड़ी डी गुकेश ने व्लादिमीर फेडोसेव को, अर्जुन ने जान सुबेल्ज को और आर प्रग्गनानंद ने एंटोन डेमचेंको को अपने दांव से शिकस्त दी। मेन्स टीम का एक मैच ड्रॉ रहा। टीम ने 3-0 से मैच अपने नाम कर लिया।
विमेन्स टीम का प्रदर्शन
इस बार चेस (chess olympiad 2024)की महिला टीम भी पीछे नहीं रही। महिलाओं की टीम ने 11वें और अंतिम राऊंड में अजरबैजान की टीम को हराकर गोल्ड अपने नाम किया। भारतीय विमेंस टीम के खिलाड़ियों में हरिका द्रोणावली, वैशाली रमेशबाबू, दिव्या देशमुख, वंतिका अग्रवाल, तानिया सचदेव और अभिजीत कुंटे शामिल थीं।
डी गुकेश ने की विश्वनाथ आनंद की बराबरी
भारत को तीसरा गोल्ड डी गुकेश ने ओलंपियाड के व्यक्तिगत इवेंट दिलाया। गुकेश ने चेस ओलंपियाड 2022 में भी गोल्ड मेडल जीता था। गुकेश अब चेस ओलंपियाड में 2 गोल्ड लाने वाले दूसरे खिलाड़ी बन गए हैं। इसी के साथ उन्होंने शतरंज के विश्व चैंपियन विश्वनाथन आनंद की बराबरी कर ली है।
पीएम मोदी ने दी बधाई
चेस पर मिली ऐतिहासिक जीत पर पीएम मोदी ने एक्स पर लिखा –“ भारत की ऐतिहासिक जीत, क्योंकि हमारे शतरंज दल ने 45वें FIDE शतरंज ओलंपियाड में जीत हासिल की है! भारत ने शतरंज ओलंपियाड में ओपन और महिला दोनों श्रेणियों में स्वर्ण पदक जीता है! हमारी शानदार पुरुष और महिला शतरंज टीमों को बधाई। यह उल्लेखनीय उपलब्धि भारत के खेल पथ में एक नया अध्याय जोड़ती है। उम्मीद है कि यह सफलता शतरंज के प्रति उत्साही लोगों की पीढ़ियों को खेल में उत्कृष्टता हासिल करने के लिए प्रेरित करेगी।”