देवरियाभारतीय शतरंज के विश्व चैंपियन डी गुकेश ने नॉर्वे शतरंज टूर्नामेंट में इतिहास रच दिया। टूर्नामेंट के छठे दौर में उन्होंने 62 चालों के रोमांचक मुकाबले के बाद दुनिया के नंबर एक खिलाड़ी और पांच बार के विश्व चैंपियन मैग्नस कार्लसन को हराया। क्लासिकल शतरंज में कार्लसन के खिलाफ यह गुकेश की पहली जीत है, जिससे उन्होंने पिछली हार का बदला भी चुका लिया। इस अप्रत्याशित हार से नाराज होकर कार्लसन ने गुस्से में मेज पर घूंसा मारा, जिससे चेस बोर्ड पर रखे मोहरे बिखर गए।

हार के बाद बौखलाए दिखे कार्लसन

कार्लसन को यह यकीन ही नहीं हो रहा था कि उन्होंने मुकाबला गंवा दिया है। वे पूरी तरह से विचलित और परेशान नजर आए। हालांकि उन्होंने खुद को संभालने की कोशिश की और अपनी भावनाओं पर काबू पाते हुए गुकेश से माफी मांगी। उन्होंने बिखरे हुए मोहरों को वापस सही जगह लगाने का प्रयास भी किया, लेकिन सफल नहीं हो सके। इसके बाद उन्होंने स्कोर शीट पर हस्ताक्षर किए और गुकेश की पीठ थपथपाकर चुपचाप बाहर चले गए। उन्होंने मीडिया से बातचीत करने से भी परहेज किया।

जीत के बाद भावुक हुए गुकेश

कार्लसन से उलट, जैसे ही डी गुकेश ने निर्णायक चाल चली, वे तुरंत अपनी कुर्सी से उठे और कार्लसन से हाथ मिलाकर शांत भाव से दूसरी ओर चले गए। इस ऐतिहासिक जीत के बाद वे इतने भावुक हो गए कि उन्होंने अपने चेहरे को दोनों हाथों से ढक लिया। कुछ देर बाद वे वापस अपनी सीट पर लौटे, चेस बोर्ड को फिर से व्यवस्थित किया और दर्शकों का अभिवादन किया।

बाद में गुकेश ने कहा, “मैं कार्लसन की प्रतिक्रिया को समझता हूं। जिस तरह से वह मुकाबला हारे, वह वाकई दिल तोड़ने वाला था। मैं उनकी भावनाओं की कद्र करता हूं। मैंने भी कई बार गुस्से में टेबल पर हाथ मारा है — कभी कैमरे के सामने, तो कभी कैमरे से दूर। हालांकि, उस वक्त मेरा ध्यान इस पर नहीं था कि उन्होंने क्या किया। मैं सिर्फ खुद को शांत रखने की कोशिश कर रहा था।”

8.5 अंकों के साथ तीसरे रैंक पर पहुंचे

इस बड़ी जीत के साथ 19 वर्षीय डी गुकेश 8.5 अंकों के साथ तीसरे स्थान पर पहुंच गए हैं। वे अब सिर्फ एक अंक पीछे हैं संयुक्त रूप से शीर्ष पर मौजूद मैग्नस कार्लसन और अमेरिका के ग्रैंडमास्टर फैबियानो कारूआना से। भारत के ही अर्जुन एरिगैसी ने चीन के वेई यी को आर्मागेडन टाई-ब्रेक में हराकर 7.5 अंक हासिल किए और अब वे हिकारू नाकामुरा के साथ संयुक्त रूप से चौथे स्थान पर हैं। टूर्नामेंट की स्थिति बेहद रोमांचक हो गई है, क्योंकि सभी छह खिलाड़ियों के पास अब भी खिताब जीतने की पूरी संभावना है। वहीं महिला वर्ग में आर वैशाली ने भी शानदार प्रदर्शन करते हुए आर्मागेडन टाई-ब्रेक में कोनेरू हम्पी को मात दी।

पीएम मोदी ने दी बधाई

डी गुकेश की इस ऐतिहासिक जीत पर पीएम मोदी ने उन्हें बधाई देते हुए अपने एक्स पर पोस्ट कर लिखा- “गुकेश की असाधारण उपलब्धि! सर्वश्रेष्ठ को हराने के लिए उन्हें बधाई। नॉर्वे शतरंज 2025 के राउंड 6 में मैग्नस कार्लसन के खिलाफ उनकी पहली जीत उनकी प्रतिभा और समर्पण को दर्शाती है। आगे की यात्रा में उन्हें निरंतर सफलता की कामना करता हूं”