देवरिया। दिल्ली शराब घोटाला मामले में अरविंद केजरीवाल को गुरुवार को राऊज एवेन्यू कोर्ट से मिली जमानत पर फिलहाल हाईकोर्ट ने रोक लगा दी है। ईडी ने निचली अदालत से मिली जमानत के खिलाफ हाईकोर्ट में अपील की थी जहां सुनवाई के बाद कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रख लिया है। माना जा रहा है कि दो से तीन दिन पर इस पर फैसला आएगा। तब तक केजरीवाल को तिहाड़ जेल में ही रहना होगा।


जमानत याचिका का विरोध का मौका नहीं मिला: ED
ईडी ने कहा कि हमें अरविंद केजरीवाल की जमानत याचिका का विरोध करने का पूरा मौका नहीं दिया क्या, इसलिए निचली अदालत के जमानत के फैसले पर रोक लगाई जाए। अरविंद केजरीवाल के वकीलों ने ईडी के वकील को सलाह दी कि आपको अदालत के फैसले को सम्मान के साथ स्वीकार करना चाहिए। वहीं दिल्ली हाईकोर्ट का कहना है कि ट्रायल कोर्ट के आदेश को तब तक प्रभावी नहीं किया जाएगा जब तक वह सीएम केजरीवाल को दी गई जमानत को चुनौती देने वाली ED की याचिका पर सुनवाई नहीं कर लेता।

सांसद संजय सिंह ने इसे बताया गुंडागर्दी
आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने ईडी के केजरीवाल की जमानत के खिलाफ हाईकोर्ट जाने को लेकर कहा- ‘मोदी सरकार की गुंडागर्दी देखिए अभी ट्रायल कोर्ट का आदेश ही नही आया आदेश की कॉपी भी नहीं मिली तो मोदी की ईडी हाईकोर्ट में किस आदेश को चुनौती देने पहुंच गई? क्या हो रहा है इस देश में? न्यायव्यवस्था का मजाक क्यों बना रहे हो मोदी जी पूरा देश आपको देख रहा है?


सुनीता केजरीवाल ने हम आशा करते हैं हम न्याय करेंगे
अरविंद केजरीवाल की पत्नी सुनीता केजरीवाल ने कहा, ‘देश में तानाशाही इतनी बढ़ गई है कि ईडी किसी को छूट भी नहीं देना चाहती। ईडी अरविंद केजरीवाल जी के साथ देश के आतंकवादी की तरह व्यवहार कर रही है। अभी तो केजरीवाल जी की जमानत का आदेश अपडेट भी नहीं हुआ था कि ईडी स्टे लगवाने के लिए हाईकोर्ट पहुंच गई। लेकिन अभी हाईकोर्ट का फैसला आना बाकी है और हम आशा करते हैं कि हाईकोर्ट न्याय करेगा।’

पहले 21 दिनों के लिए दी गई थी जमानत
इससे पहले भी केजरीवाल को लोकसभा चुनाव के प्रचार के लिए सुप्रीम कोर्ट से 21 दिनों की जमानत मिली थी। 21 दिन बाहर रहने के बाद उन्होंने 2 जून को तिहाड़ जेल में सरेंडर किया था। बचाव पक्ष के वकील ने विक्रम चौधरी ने कहा कि ईडी के आरोपों का कोई सबूत नहीं है। चौधरी ने तर्क दिया था कि क्या ईडी एक स्वतंत्र एजेंसी है या कुछ राजनीतिक आकाओं के हाथों में खेल रही है? ईडी अपने सभी निष्कर्ष परिकल्पना के आधार पर निकालती है। उन्होंने कहा था कि केजरीवाल को किसी दूसरे व्यक्ति की तरह ही स्वतंत्रता दी जानी चाहिए। चौधरी ने कहा मेरे साथ किसी खास व्यक्ति की तरह व्यवहार न करें। मैं नहीं चाहता कि मेरे साथ किसी खास व्यक्ति की तरह व्यवहार किया जाए। लेकिन मेरे साथ वैसा ही व्यवहार करें जैसा आप किसी सामान्य व्यक्ति के साथ करते हैं।

21 मार्च को हुई थी केजरीवाल की गिरफ्तारी
आपको बता दें दिल्ली के शराब घोटाला मामले में अरविंद केजरीवाल को ईडी ने 21 मार्च को गिरफ्तार किया था। ईडी ने आरोप लगाया है कि शराब विक्रेताओं से प्राप्त रिश्वत का इस्तेमाल गोवा मंह आम आदमी पार्टी के चुनावी अभियान के लिए किया गया था और पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक होने के नाते केजरीवाल व्यक्तिगत रूप से और अप्रत्यक्ष रूप से धन शोधन के अपराध के लिए उत्तरदायी हैं। केजरीवाल ने आरोपों से इनकार किया है और ईडी पर जबरन वसूली का रैकेट चलाने का आरोप लगाया है।