नक्सलियों ने बनाया स्कूल, गांव वाले चंदा कर चला रहे, बिना सर्टिफिकेट 12 गांव के बच्चे हुए साक्षर
देवरिया। टीन के चद्दरों से बना क्लासरूम… सोने के लिए मचान और चटाई पर खाना… ये है अबूझमाड़ के जंगल में चल रहा भूमकाल आवासीय स्कूल। इंफ्रास्ट्रक्चर चाहे बहुत बेहतर…










