देवरिया।इजरायल में हुए हमले और हमास के साथ जारी युद्ध के बीच वहां पर बड़ी संख्या में फंसे भारतीयों को निकालने के लिए भारत सरकार ने ऑपरेशन अजय चलाया है। इजराइल से ऑपरेशन अजय के तहत 212 भारतीय नागरिकों को लेकर आ रही पहली उड़ान में यात्रियों द्वारा ‘वंदे मातरम’ और ‘भारत माता की जय’ के नारे लगाए गए। फ्लाइट शुक्रवार सुबह दिल्ली पहुंची। यात्रियों ने भारत सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को धन्यवाद कहा।
केंद्रीय मंत्री राजीव चन्द्रशेखर ने एयरपोर्ट पर नागरिकों का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि”हमारी सरकार किसी भी भारतीय को कभी पीछे नहीं छोड़ेगी। हमारी सरकार, प्रधानमंत्री उनकी सुरक्षा के लिए, उन्हें सुरक्षित घर वापस लाने के लिए प्रतिबद्ध हैं। हम विदेश मंत्री डॉ. एस जयशंकर, विदेश मंत्रालय की टीम, एयर इंडिया की इस उड़ान के चालक दल के आभारी हैं जिन्होंने इसे संभव बनाया, हमारे बच्चों को सुरक्षित और स्वस्थ घर वापस लाया और उनके प्रियजनों के पास वापस पहुंचाया।”


आज भारत मदद मांगता नहीं, मदद देता है: अनुराग ठाकुर
ऑपरेशन अजय पर केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने कहा, “चाहे वह COVID का समय हो या यूक्रेन-रूस युद्ध का समय हो या अरब स्प्रिंग के दौरान, भारत ने एक के बाद एक ऑपरेशन किए हैं और भारतीयों को बचाया है… पिछले साढ़े 9 साल से यही हो रहा है। सिर्फ अपने नागरिकों को ही नहीं, हमने दूसरे देशों के नागरिकों को भी बचाया है… आज भारत मदद मांगता नहीं, मदद देता है।

भारतीयों ने शेयर किए अनुभव
इजरायल से लौटे भारतीयों ने अपने अनुभव भी शेयर किए। ऑपरेशन अजय के तहत इज़रायल से भारत आई एक महिला स्वाति पटेल ने बताया, “यहां आकर बहुत अच्छा लग रहा है। वहां जब सायरन बजता है तो बहुत डर लगता है। सायरन बजने पर शेल्टर में जाना होता है। यहां हम सुरक्षित महसूस कर रहे हैं। जब भी सायरन बजता था तब हमें 1.5 मिनट में शेल्टर में जाना होता था।” दूसरी महिला ने कहा कि “मेरा बेटा अभी केवल 5 महीने का है, हम जिस स्थान पर थे वह सुरक्षित था लेकिन आगे की परिस्थिति और अपने बेटे के लिए हमने भारत आने का फैसला लिया। पहली रात हम सो रहे थे तभी एक सायरन बजा, हम वहां पर पिछले 2 वर्ष से थे हमने ऐसी परिस्थिति पहले कभी नहीं देखी थी। हम शेल्टर में गए, हम 2 घंटे के लिए शेल्टर में रहे। हम अब काफी बेहतर महसूस कर रहे हैं, मैं भारत सरकार और प्रधानमंत्री का धन्यवाद करती हूं।”


18 हजार भारतीयों को लाया जाएगा भारत

बताया जा रहा है इजराइल मे करीब 18 हजार भारतीय फंसे हुए हैं जिनमें से ज्यादातर स्टूडेंट्स हैं। बहुत से भारतीय काम के सिलसिले में इजरायल में रह रहे हैं। जिनमें आईटी सेक्टर में काम करने वाले और हीरा व्यापारियों की संख्या ज्यादा है। हमले के वक्त भारतीय अभिनेत्री नुसरत भरुचा भी एक फिल्म फेस्टिवल में हिस्सा लेने इजराइल गई हुई थीं, जिन्हें पहले ही पूरी तरह से सुरक्षित रूप से भारत लाया जा चुका है।