देवरिया। दिल्ली के अलीपुर रेजिडेंशियल इलाके में चल रही एक पेंट की फैक्ट्री में भीषण आग लगने से 11 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई और चार लोग घायल हैं। घायलों का इलाज राजा हरिश्चंद्र अस्पताल में चल रहा है। मृतकों की अभी तक पहचान नहीं हो पाई है। पुलिस के मुताबिक एक घर में केमिकल ड्रम के साथ पेंट बनाने का काम चल रहा था। आग इतनी भयानक थी कि आसपास के चार घर चपेट में आ गए। देर रात तक आग पर काबू पाने की कोशिश चल रही थीं।

आग बुझाने में लगे करीब 10 घंटे

इस पेंट फैक्ट्री में आग गुरुवार शाम करीब 5.25 बजे लगी थी। सूचना मिलते ही दमकल विभाग की 24 गाड़ियां, कैट्स एंबुलेंस, लोकल पुलिस, सीनियर पुलिस अफसर पहुंच गए। बताया जा रहा है कि घर के अंदर केमिकल और प्लास्टिक काफी मात्रा में रखा हुआ था। जिसकी वजह से आग तेजी से फैली और उसने कुछ देर में भीषण रूप ले लिया। फायर कर्मियों ने आसपास के घरों को एहतियात के तौर पर खाली करा दिया।

यूपी गोंडा का रहने वाला शख्स लापता

इस हादसे में यूपी के गोंडा के रहने वाला शुभम नाम का शख्स लापता है। शुभम ने एक हफ्ते पहले फैक्ट्री में जॉब शुरू की थी। दोपहर में वह खाना खाने घर आता और फिर काम करने फैक्ट्री में चला जाता था। उस दिन भी वह खाना खाकर फैक्ट्री आ चुका था। लेकिन अब तक ना तो शुभम मिला है और ना ही उसके शव का पता चल पाया है। शुभम अपने परिवार के साथ पास की ही गली में रहता था।

संकरी गली की वजह से रेस्क्यू में आई दिक्कत

यह घटना जिस फैक्ट्री में हुई वह किसी भी कानूनी पैमाने को ध्यान में रखकर नहीं चलाई जा रही थी। पेंट बनाने की यह फैक्ट्री एक घर में चल रही थी। उसके आसपास संकरी गलियां हैं। घर में पेंट बनाने में काम आने वाले बड़ी मात्रा में केमिकल भी रखे गए थे, बताया जा रहा है केमिकल वाली जगह पर ब्लास्ट भी हुआ था। जिसके बाद आग तेजी से फैल गई। उसने आसपास के चार घरों को भी चपेट में ले लिया। चश्मदीदों के मुताबिक, फैक्ट्री के सामने ही एक घर में नशा मुक्ति केंद्र चलता है। जहां से 22 लोगों को छतों के रास्ते से सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। एक घर के चार लोग जख्मी हुए हैं। रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान कॉन्स्टेबल करमवीर भी जख्मी हुए हैं।